पुत्र व बहू सुरक्षा शपथ पत्र ऑनलाइन भरें
पुत्र व बहू सुरक्षा शपथ पत्र ऑनलाइन fill, edit, print करें और PDF download कर सुरक्षा आवेदन हेतु तैयार करें।
फॉर्मेट विवरण
यह पुत्र व उसकी पत्नी की बेदखली पर पर सुरक्षा प्राप्त हेतु शपथ पत्र format, जिसका format number KA/UP250 है, पुलिस विभाग से संबंधित है।
फॉर्मेट का उद्देश्य
पुत्र व उसकी पत्नी की बेदखली पर सुरक्षा प्राप्त हेतु शपथ पत्र उस स्थिति में उपयोग किया जाता है जब माता-पिता या संपत्ति स्वामी अपने पुत्र और बहू को बेदखल करने के बाद अपनी सुरक्षा के संबंध में लिखित घोषणा देना चाहते हों। इस शपथ पत्र में आवेदक अपनी पहचान, पुत्र एवं उसकी पत्नी का विवरण, सुरक्षा से जुड़े कारण और दिए गए तथ्यों की सत्यता घोषित करता है। इसे थाना, पुलिस विभाग, प्रशासनिक कार्यालय या संबंधित प्राधिकरण में सुरक्षा आवेदन के साथ लगाया जा सकता है।
उपलब्ध सुविधाएँ
इस पेज पर उपलब्ध फॉर्मेट को उपयोगकर्ता अपनी आवश्यकता के अनुसार online fill, edit, print और PDF download कर सकता है। यह सुविधा free use के लिए है और आवेदन, प्रार्थना पत्र, शपथ पत्र, एफिडेविट या अन्य दस्तावेज तैयार करने में मदद करती है। कचेहरी UP पर ऐसे कई उपयोगी format निशुल्क उपलब्ध हैं, जिन्हें कोई भी अपने काम के अनुसार उपयोग कर सकता है।
Format Preview / फॉर्मेट प्रीव्यू
G-F
समक्ष-श्रीमान........................................ महोदय,
.........................................................
शपथ पत्र (पुत्र व उसकी पत्नी की बेदखली पर पर सुरक्षा प्राप्त हेतु)
मैं.......................................... आयु लगभग......... वर्ष पुत्र/पुत्री/पत्नी.................................... पता ग्राम/मोहल्ला-....................................................................... तहसील-....................... जनपद-......................... का/की स्थाई/अस्थाई निवासी/निवासिनी है तथा सशपथ निम्न बयान करता/करती हूँ:-
धारा-1यह कि शपथी/शपथिनी का पुत्र................................................ व उसकी पत्नी.................................................. है, जिसका आचरण एवं व्यवहार लंबे समय से अनुचित एवं असामाजिक रहा है। तथा पुत्र द्वारा निरंतर............................................................... करता रहता है, पुत्र की पत्नी द्वारा न तो अपने पति को समझाया जाता है और न ही गलत आचरण व गलत व्यवहार करने से रोका जाता है और उसके सभी गलत कार्यो में पूर्ण सहयोग किया जाता है तथा पुत्री की पत्नी द्वारा भी निरंतर......................................................................... करती रहती है जिसके कारण परिवार की प्रतिष्ठा एवं शांति पर अधिक प्रभाव पड़ रहा है।
धारा-2यह कि पुत्र व उसकी पत्नी उसके उक्त आचरण के कारण शपथी/शपथिनी एवं परिवारजनों का समाज, रिश्तेदारों एवं ग्राम/मोहल्ले में सम्मानपूर्वक रहना, आना-जाना एवं मेल-जोल बनाए रखना अत्यंत कठिन हो गया है। परिवार के सभी सदस्यों द्वारा बार-बार समझाने एवं सुधारने के प्रयास किए जाने के बावजूद भी पुत्र व उसकी पत्नी के व्यवहार में कोई सकारात्मक परिवर्तन नहीं यानि सुधार नहीं आया है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए यह आशंका बनी हुई है कि भविष्य में वह कोई गंभीर या कोई ऐसी घटना कर सकते है, जिससे निर्दोष परिवारजन अनावश्यक रूप से कानूनी अथवा सामाजिक परेशानियों में पड़ सकते हैं।
धारा-3यह कि शपथी/शपथिनी अत्यंत विवश/परेशान होकर पुत्र व उसकी पत्नी को अपनी मर्जी स्वेच्छा व परिवारीजन की सहमति से व खूब सोच समझ कर अपने उक्त पुत्र व उसकी पत्नी को आज दिनांक-................... से अपनी समस्त चल-अचल संपत्ति से पूर्णतः बेदखल करता/करती है तथा उससे अपना समस्त पारिवारिक संबंध समाप्त करता/करती है। अब से उक्त पुत्र व उसकी पत्नी द्वारा किए गए किसी भी प्रकार के कार्य, लेन-देन अथवा गतिविधियों के लिए वह स्वयं उत्तरदायी होगा। उसके किसी भी कृत्य के लिए शपथी/शपथिनी या परिवार के अन्य सदस्य किसी भी प्रकार से जिम्मेदार नहीं होंगे उनके किसी भी कृत्य के लिए प्रार्थी/प्रार्थिनी या परिवार के अन्य सदस्य किसी भी प्रकार से जिम्मेदार नहीं होंगे तथा उक्त तथ्यों को थाना अभिलेख में दर्ज कर व भविष्य में किसी भी संभावित अप्रिय घटना को दृष्टिगत रखते हुए प्रार्थी/प्रार्थिनी एवं उसके परिवारजनों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित किया जाना न्यायोचित एवं आवश्यक है।
धारा-4यह कि शपथी/शपथिनी ने किसी भी तथ्य को छुपाया नहीं है।
ह०/नि०अं०शपथी/शपथिनी
सत्यापन:-
मैं शपथी/शपथिनी सत्यापित करता/करती हूँ कि इस शपथ-पत्र की धारा 1ता4 मेरे निजी ज्ञान से सही व सत्य हैं, जिसका सत्यापन कचेहरी/तहसील......................................................... में दिनांक-............................. किया गया।
ह०/नि०अं०शपथी/शपथिनी
www.kachehriup.com